चीन के साथ युद्ध विनाश ही लेकर आएगा

जनादेश/डेस्क:  ताइवान के रक्षा मंत्री ने बृहस्पतिवार को कहा कि यदि चीन के साथ कोई संघर्ष होता है, तो यह सभी पक्षों के लिए विनाशकारी होगा, भले ही परिणाम कुछ भी हो। यूक्रेन पर हमला करने के मामले में चीन ने रूस का मुख्य रूप से समर्थन किया है। चीन स्वशासित द्वीप ताइवान को अपना अधिकार क्षेत्र मानता है और यूक्रेन पर रूसी आक्रमण के बाद से यह आशंका पैदा हो गई है कि चीन भी ताइवान पर जरूरत पड़ने पर बल प्रयोग करके कब्जा कर सकता है। ताइवान के रक्षा मंत्री चिउ कुओ चेंग ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘किसी को युद्ध नहीं चाहिए। इस पर समग्र विचार किया जाना चाहिए।

’’चिउ ने कहा, ‘‘यदि आप वास्तव में युद्ध चाहते हैं, तो यह सभी के लिए विनाशकारी होगा।’’ चीन की नेशनल पीपल्स कांग्रेस (एनपीसी) और उसके सलाहकार निकाय की इस सप्ताह बीजिंग में हुई वार्षिक बैठक के दौरान प्रतिनिधियों ने ताइवान में विदेशी प्रभाव एवं अलगाववाद को दोषी ठहराया और ताइवान के समर्थन का मुकाबला करने के लिए चीन की कानूनी और वित्तीय शक्ति को बढ़ाया। पीपल्स लिबरेशन आर्मी के प्रवक्ता कर्नल वु कियान ने एनपीसी में कहा, ‘‘अलगाववादी गतिविधियां और बाह्य बलों के साथ गठजोड़ ताइवान जलडमरू मध्य में मौजूदा तनाव और अशांति का मूल कारण है।