जेल में बनेंगे फर्नीचर, बिस्किट जैसे उपचार, जिसे बेचने के लिए खोली गई दुकान

जनादेश/प्रयागराज: नैनी सेंट्रल जेल प्रशासन ने परिवार को रोजी-रोटी कमाने के लिए और कैद लोगों का गुजारा कराने के लिए एक साधन तैयार किया है। इन कैदियों द्वारा बनाए गए उत्पादों को आम जनता तक पहुंचाने के लिए कारागार उत्पाद बिक्री केंद्र की स्थापना की गई, जिसका उद्घाटन जेल के मुख्य द्वार पर सुपीरियर पेनिटेंटरी सुपरिंटेंडेंट पीएन पांडेय ने किया। जेल में कैदी कुर्सी, टेबल, सोफा और कुकीज और अचार जैसे फर्नीचर बना रहे हैं, जिन्हें बेचा जाएगा। कारागार परिसर के दरवाजे पर एक प्वाइंट ऑफ सेल खोला गया। इसमें बंदियों द्वारा बनाए गए सामानों की बिक्री की जाएगी।

जेल प्रमुख और सरकार के निर्देश पर प्रदेश में यह पहला प्वॉइंट ऑफ सेल खुला है। एक ओर जहां विभिन्न अपराधों में गिरफ्तारी के बाद जेल में बंद लोगों को प्रोत्साहन और उनके कौशल की कीमत मिलेगी। इससे होने वाली आय से मुश्किलों का सामना कर रहे कैदियों के परिवारों को भी आर्थिक लाभ मिलेगा। आय का 99% हिस्सा बंदियों को दिया जाएगा। बंदियों के पुनर्वास एवं कल्याण सेवाओं के लिए सहकारी समिति द्वारा निर्मित 77 उत्पादों को बिक्री केन्द्रों के माध्यम से जनता को क्रय के लिए उपलब्ध कराया गया है। सोफा, बेड, लैपटॉप टेबल, कालीन, अचार, कुकीज आदि जैसे उत्पाद हैं।

हम आपको बता दें कि जेल के अंदर स्थित फैक्ट्री में करीब सौ कैदी लकड़ी और लोहे की कई चीजें बना रहे हैं। इन उत्पादों को सरकारी कार्यालयों, अदालतों में भेजा जाता है। लेकिन अब उनके द्वारा बनाए गए उत्पाद आम आदमी की पहुंच में होंगे। फैक्ट्री में काम करने वाले बंदियों ने कहा कि हर महीने जेल में मिले काम से कमाए पैसे को अपने परिवार वालों को ट्रांसफर करता हूं, जिससे परिवार को भूख से बचाया जा रहा है। साथ ही उनके कौशल में भी सुधार हो रहा है। जेल के मुख्य अधीक्षक पीएन पांडेय का कहना है कि बंदियों की कमाई को उनके परिवारों तक पहुंचाया जाएगा।