लॉकडाउन बढ़ाने को लेकर पांच राज्यों ने दिए सुझाव,आर्थिक गतिविधियां होंगी तेज

नई दिल्लीः देश में कोरोना का कहर जारी है। मरीजों का आकंड़ा 70 हजार के पार पहुंच गया है। लॉकडाउन का तीसरा चरण जारी है। लॉकडाउन के चौथे चरण के कयास लगाए जा रहे है। सोमवार को पीएम मोदी संग हुई बैठक में पांच मुख्यमंत्रियों ने इसका सुझाव दिया है। देश में कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए लागू लॉकडाउन 17 मई के आगे भी बढ़ाया जा सकता है. हालांकि इस बार इसमें पहले के मुकाबले ज्यादा छूट मिलने की उम्मीद है।

सूत्रों के मुताबिक, पीएम मोदी ने देश के तमाम मुख्यमंत्रियों के साथ करीब छह घंटे तक चली वीडियो कॉन्फ्रेंस में कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए 17 मई के बाद भी लॉकडाउन को जारी रखना होगा। पीएम मोदी ने इस दौरान आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने पर भी जोर दिया और इसके लिए कंटेनमेंट जोन के बाहर लॉकडाउन के नियमों में ढील के भी संकेत दिए। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पहले चरण में लॉकडाउन के जिन कदमों की जरूरत थी, उनकी दूसरे चरण में नहीं थी, तीसरे चरण में जरूरी कदमों की चौथे में आवश्यकता नहीं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोविड-19 के संक्रमण को फैलने से रोकने, लॉकडाउन से चरणबद्ध तरीके से बाहर निकलने और आर्थिक गतिविधियां तेज करने के उपायों पर मुख्यमंत्रियों से बातचीत की. उन्होंने मुख्यमंत्रियों से देश की अर्थव्यवस्था दोबारा खोलने को लेकर भी सुझाव मांगे।

ग्रीन के साथ साथ आरेंज और रेड जोन में भी थोड़ी और नरमी हो सकती है। यानी कंटेनमेंट क्षेत्र को छोड़कर बाकी में गतिविधि को थोड़ा और सामान्य बनाया जाएगा। औद्योगिक गतिविधि को तेज करने के लिए जरूर अतिरिक्त नरमी बरती जाए लेकिन जीवन अभी सामान्य नहीं होंगे। आवागमन, मनोरंजन, शिक्षा जैसे क्षेत्रों में इंतजार करना पड़ेगा। लॉकडाउन 3 रविवार तक लागू है। पिछले कुछ दिनों में केंद्र सरकार की ओर से लगातार राहत बढाई जा रही है।

दरअसल यह विचार अब हावी हो रहा है कि लंबे समय तक लॉकडाउन नहीं रखा जा सकता है। और इसीलिए आगामी सोमवार से बड़ी राहत देने का मन था, लेकिन सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ सभी मुख्यमंत्रियों की लंबी चर्चा में बिहार, पंजाब, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र ने खुलकर लॉकडाउन बढ़ाने का सुझाव दिया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कहा कि इसके बिना नहीं चल सकता है।