फांसी का कानून बनने से रेप के बाद हत्या की घटनाएं बढ़ीं – CM Gehlot

जनादेश/डेस्क: कई बार रेप के बाद दोषी पीड़ित की हत्या कर  दी जाती है। लेकिन राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत ने इसकी वजह कानून को बताया है।

उन्होनें कहा कि जबसे रेप केस में आरोपियों को फांसी देने का कानून बना है, तभी से हत्या की घटनाएं बढ़ी हैं।

जानकारी के मुताबिक,सीएम गहलोत ने कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान दिल्ली में ये बयान दिया। उनका कहना है कि निर्भया कांड के बाद आरोपियों को फांसी देने की मांग ने जोर पकड़ा और फिर केंद्र सरकार ने कानून में इसका प्रावधान किया। इसके बाद से ही रेप के आरोपियों ने महिलाओं और बच्चियों की हत्या करनी शुरू कर दी।

CM Gehlot : रेप के बाद बढ़ा हत्या का ट्रेंड

इस दौरान गहलोत ने दावा किया कि रेप के बाद हत्या का ट्रेंड देशभर में खतरनाक स्तर तक पहुंचा है। उनके मुताबिक रेप करने वाले को लगता है कि पीड़ित उसके खिलाफ गवाह बनेगी।

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ऐसे में वो उसकी हत्या करने को ही सही पाता है। उन्होंने कहा कि देश में इस तरह के हालात पहले कभी नहीं देखे गए।

बता दें कि काफी पहले सपा के तत्कालीन प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने भी रेप करने वालों को ये कहकर फांसी देने का विरोध किया था कि ‘लड़के हैं, लड़कों से गलतियां हो जाती हैं।’

मुलायम के इस बयान को बीजेपी ने 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव में खूब भुनाया था और आज भी सपा पर निशाना साधा जाता है।

CM Gehlot: रेप के बारे में अजीब बयान

वहीं कर्नाटक में कांग्रेस के नेता और पूर्व मंत्री केआर रमेश कुमार ने विधानसभा में कहा था कि अगर रेप होते नहीं रोक सकती, तो पीड़ित को इसका मजा लेना चाहिए। जिसके बाद कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी को लोगों ने घेरा था। और रमेश ने अपने बयान के लिए माफी मांगी थी।