नीतीश के बाद अब जीतनराम मांझी ने बनायी आरजेडी के चुनाव प्रचार से दूरी

जनादेश/पटना: बिहार की मोकामा और गोपालगंज विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बाद पूर्व सीएम जीतनराम मांझी भी प्रचार के लिए नहीं जाएंगे। बता दे कि सीएम नीतीश की तरह हिंदुस्तान आवाम मोर्चा प्रमुख माझी ने भी आरजेडी प्रत्याशियों का चुनाव प्रचार करने से दूरी बना ली है। हालांकि मांझी की ओर से स्वास्थ्य कारणों का हवाला दिया गया है। मगर सियासी महकमे में चर्चा शुरू हो गई है कि क्या महागठबंधन में सबकुछ ठीक चल रहा है?

इसी के साथ HAM के प्रवक्ता दानिश रिजवान ने कहा कि स्वास्थ्य कारणों से पार्टी प्रमुख और पूर्व सीएम जीतनराम मांझी मोकामा और गोपालगंज में चुनाव प्रचार के लिए नहीं जा रहे हैं। हालांकि,HAM के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मंत्री संतोष सुमन दोनों जगह पर महागठबंधन के उम्मीदवारों के पक्ष में प्रचार कर रहे हैं। बिहार के सियासी गलियारों में अभी सबसे ज्यादा चर्चा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के मोकामा और गोपालगंज में चुनाव प्रचार के लिए नहीं जाने की हो रही है। दोनों ही सीटों पर महागठबंधन की ओर से आरजेडी के प्रत्याशियों को उतारा गया है। बीजेपी आरोप लगा रहा है कि मोकामा में आरजेडी उम्मीदवार नीलम सिंह अपराधी अनंत सिंह की पत्नी हैं। वहीं, गोपालगंज में आरजेडी ने मोहन प्रसाद गुप्ता को टिकट दिया है, जिन पर शराब तस्करी का केस लग चुका है।

दूसरी ओर, हम पार्टी के मुखिया जीतनराम मांझी हर मोर्चे पर सीएम नीतीश कुमार के साथ नजर आ रहे हैं। जब नीतीश एनडीए में थे, तो मांझी भी उनके साथ थे। जब उन्होंने महागठबंधन से नाता जोड़ा तो जीतनराम मांझी भी एनडीए छोड़ महागठबंधन के साथ आ गए। यही नहीं, हाल ही में चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने दावा किया कि नीतीश कुमार फिर से बीजेपी के साथ लौटेंगे, तो मांझी ने भी कह दिया कि ऐसा करने पर वे सीएम के साथ रहेंगे।